राज्य में शीघ्र ही 2 लाख महिलाओं को सिलाई-बुनाई प्रशिक्षण देने का मिशन आरम्भ किया जाएगा

राज्य में शीघ्र ही 2 लाख महिलाओं को सिलाई-बुनाई प्रशिक्षण देने का मिशन आरम्भ किया जाएगा

देहरादून | राज्य में शीघ्र ही 2 लाख महिलाओं को सिलाई-बुनाई प्रशिक्षण देने का मिशन आरम्भ किया जाएगा। 50 सिलाई-बुनाई प्रशिक्षण केन्द्र अगले कुछ महीनों में तैयार हो जाएगे तथा भविष्य में ऐसे 600 प्रशिक्षण केन्द्र राज्यभर में खोले जाएगे। राज्य में पलायन को रोकने के लिए शीघ्र ही ठोस नीतिगत निर्णय लिए जाएगे। हाल ही में स्कूली छात्र-छात्राओं तथा शिक्षक दिवस पर शिक्षकों से मुख्यमंत्री द्वारा विडियों कान्फे्रसिंग के माध्यम से सीधा संवाद कायम करने की अगली कड़ी में राज्य सरकार किसानों तथा समाज के सभी वर्गाे से सीधा संवाद कायम करेगी। ब्लाॅक स्तर पर विडियों कान्फ्रंेसिंग की व्यवस्था को प्रभावी किया जा रहा है ताकि आम जन को अपनी समस्याओं/शिकायतों के निराकरण हेतु देहरादून न आना पडे़। विधायकों को निर्देश दिए गए है कि अपने क्षेत्र की समाज कल्याण योजनाओं का क्रियान्वयन का नियमित निरीक्षण करे। किसी भी व्यक्ति द्वारा जिलाधिकारी के समक्ष रखी गई समस्या/शिकायत की सीधी माॅनिटरिंग सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से राज्य के मुख्यमंत्री द्वारा की जा रही है। मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने रविवार को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर विकासनगर के एक स्थानीय बैंकट हाॅल में आयोजित कार्यक्रम में उक्त सम्बोधन के अतिरिक्त राज्यभर की जनता से विशेष अपील की कि अपनी किसी भी प्रकार की समस्या/शिकायत/सुझाव हेतु राज्य सरकार द्वारा आरम्भ किये गये टोल फ्री नम्बर 1905 का प्रयोग करें। उन्होंने कहा कि 1905 नम्बर पर जनता अपनी समस्या/सुझाव किसी भी स्थानीय भाषा में दर्ज करवा सकती है। समस्या/शिकायत पर 10 दिन के भीतर कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। इसमें वाइस रिकाॅडिग की प्रामाणिक व्यवस्था है। मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि हम जनता से सीधा-सीधा संवाद करना चाहते है। हम जनता के सुझावों तथा फीडबैक को बहुत गम्भीरता से ले रहे है। जनता के फीडबैक को राज्य सरकार की नीतियों में शामिल किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि राज्य में पर्यटन का अधिक से अधिक विकास कर अधिसंख्यक नौजवानों को रोजगार दिया जा सके। 13 जिले-13 नए पर्यटक स्थल योजना के पीछे यही अवधारणा है। उन्होंने कहा कि राज्य में अभी तक धार्मिक पर्यटक ही अधिक आते रहे है, लेकिन अब राज्य सरकार का लक्ष्य है कि राज्य में एयर कनेक्टिीविटी को सुदृढ़ करके खर्चीले पर्यटको को आकर्षित किया जाय। देवबन्द-रूड़की रेलवे लाइन तथा पर्वतीय रेल सेवा आरम्भ होने से निश्चितरूप से राज्य में पर्यटकों की संख्या बढे़गी। राज्य के विकास में पर्यटन अहम भूमिका निभाएगा।

मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि राज्य सरकार का 6 महीने का कार्यकाल पूरा होने जा रहे है। राज्य सरकार दृढ़संकल्प है कि राज्य में भ्रष्ट्राचार को पूरी तरह समाप्त किया जाएगा। भ्रष्ट्राचार हमारा नम्बर एक दुश्मन है। गरीबों की योजनाओं पर भ्रष्ट्राचार का सबसे अधिक असर होता है। स्थान्तरण के मामलों में पूरी पारदर्शिता का ध्यान रखा जा रहा है। भ्रष्ट्राचार के विभिन्न मामलों की एसआईटी जांच करवाई जा रही है। जीरो टोलरेंस की नीति को अपनाते हुए अपने व पराये में कोई फर्क नही किया जाएगा। सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ चलाई जाएगी।

मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को जन्मदिवस की बधाई देते हुए कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा पिछले तीन वर्षो में देश के विकास व गरीबो के कल्याण हेतु चलाई जा रही योजनाओं का लाभ पूरे देश की जनता को मिल रहा है। आज देश के नौजवान प्रधानमंत्री के जीवन से प्रेरणा ले कर अपने जीवन की दिशा बदल रहे है। मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि वह कई ऐसे युवाओं से मिले जिन्होंने प्रधानमंत्री के लोकप्रिय कार्यक्रम “मन की बात” कार्यक्रम सुनने के बाद कुछ अलग करने की प्रेरणा ली। प्रधानमंत्री की अपील लोगो तक पहुंचती है तथा उन्हें जीवन बदलने के लिए प्रेरित करती है।

इस अवसर पर विधायक श्री मुन्ना सिंह चैहान ने हर्टबर्टपुर केन्द्र से चारधाम यात्रा हेतु पंजीकरण के सुविधा आरम्भ करने, क्षेत्र के विकास हेतु 10 करोड़ की निधि स्वीकृत करने हेतु मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र का आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम से पहले, मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने स्वच्छता ही सेवा कार्यक्रम के अन्तर्गत झाडू लगाकर श्रमदान किया। इस अवसर पर सांसद श्रीमति माला राज्यलक्ष्मी शाह, विधायक श्री खजान दास तथा क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।